Kuwait Hospital Dead Body Case
कुवैत सिटी में सामने आया यह मामला तेजी से चर्चा में आया है। एक सरकारी अस्पताल के बाहर व्हीलचेयर पर शव छोड़ने के आरोप में दो भारतीय नागरिकों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इस घटना ने अस्पताल प्रशासन को चौंकाया और प्रवासी समुदाय में चिंता बढ़ा दी।
पूरा मामला संक्षेप में
17 जनवरी 2026 को मुबारक अल-कबीर अस्पताल के बाहर दो लोग एक व्यक्ति को व्हीलचेयर पर लेकर पहुंचे। उन्होंने अस्पताल स्टाफ से कहा कि मरीज की हालत गंभीर है और उसे तुरंत डॉक्टर को दिखाना जरूरी है। इसके बाद दोनों वहां से चले गए। जब मेडिकल स्टाफ ने मरीज की जांच की, तो उन्हें पता चला कि उसकी मौत पहले ही हो चुकी थी।
जांच और गिरफ्तारी
अस्पताल प्रशासन ने तुरंत सुरक्षा एजेंसियों को सूचना दी। फॉरेंसिक टीम ने जांच की और मौत को प्राकृतिक कारणों से हुई बताया। इसके बावजूद, शव को इस तरह सार्वजनिक जगह पर छोड़ना गंभीर लापरवाही माना गया। अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों ने पूरी घटना रिकॉर्ड की। फुटेज के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों की पहचान की और उन्हें हिरासत में लिया।
वीजा ओवरस्टे की भूमिका
जांच में यह भी सामने आया कि दोनों आरोपी वीजा अवधि खत्म होने के बाद कुवैत में रह रहे थे। उन्हें डर था कि अगर वे मौत की जानकारी सीधे पुलिस को देंगे, तो वीजा उल्लंघन के आरोप में पकड़े जा सकते हैं। इसी डर के कारण उन्होंने सही प्रक्रिया अपनाने के बजाय गलत फैसला लिया।
पुलिस का संदेश
कुवैत पुलिस ने साफ कहा है कि किसी भी मौत या आपात स्थिति की सूचना तुरंत संबंधित अधिकारियों को देना जरूरी है। वीजा से जुड़ा डर कानून तोड़ने का कारण नहीं बन सकता। पुलिस ने प्रवासियों से अपील की है कि ऐसी स्थितियों में सही और कानूनी रास्ता ही अपनाएं।